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Large Station Board;
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KLRE/Khalari (3 PFs)
كھلاري     खलारी

Track: Double Electric-Line

Type of Station: Regular
Number of Platforms: 3
Number of Halting Trains: 27
Number of Originating Trains: 0
Number of Terminating Trains: 0
SH 7, Khalari Railway Station, Khalari, 829205
State: Jharkhand
add/change address
Elevation: 459 m above sea level
Zone: ECR/East Central
Division: Dhanbad
 
 
No Recent News for KLRE/Khalari
Nearby Stations in the News

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railfanning - n/a (0)
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safety - n/a (0)

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Station News

Page#    Showing 1 to 3 of 3 News Items  
Aug 13 2017 (15:40)  कमाई अरबों में,सुविधाओं का टोटा, यात्री हो रहे परेशान (epaper.jagran.com)
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Commentary/Human InterestECR/East Central  -  

News Entry# 311619   Blog Entry# 2379371     
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Aug 13 2017 (15:40)
Station Tag: Khalari/KLRE added by टाटानगर संबलपुर जम्मू तवी एक्सप्रेस☺^~/1421836
Stations:  Khalari/KLRE  
 
 
अरब की कमाई की खलारी रेलवे स्टेशन ने 2016-17 में1
प्लेटफार्म के नल हैं सूखे, वर्षो से है पानी की किल्लत
गाड़ी रुकते ही पानी के लिए दौड़ते हैं यात्री, पर मिलती है निराशा
रनिंग स्टॉप व रेलवे कॉलोनी में भी रहती है पेयजल समस्या
डीप
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बोर का प्रयास, कई बार हो चुका है फेल
ै17
4
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धीरेन्द्र प्रसाद ’ खलारी 1अरबों रुपये का रेलवे को राजस्व देनेवाला खलारी रेलवे स्टेशन सुविधा विहीन है। वित्तीय वर्ष 2016-17 में खलारी स्टेशन से रेलवे को 17 अरब रुपये की कमाई हुई है, लेकिन विडंबना है कि खलारी स्टेशन पर यात्रियों के लिए पर्याप्त सुविधाएं तक नहीं हैं। प्लेटफॉर्म के नल सूखे हैं।1 खलारी रेलवे स्टेशन में कई वर्षो से पानी की किल्लत बरकरार है। अबतक किए गए डीप बोर का हर प्रयास फेल हो चुका है। स्टेशन में चार प्लेटफॉर्म हैं, जहां यात्रियों को पानी चाहिए। इसके अलावा रेलवे आवासीय कॉलोनी तथा रनिंग स्टाफ रूम में भी पानी की आवश्यकता है। रेल प्रबंधन की ओर से अबतक कई डीप बोर किए जा चुके हैं। पर, कहीं भी सफलता नहीं मिली। विभागीय अभियंता बताते रहे हैं कि डीप बोर करने के क्रम में पत्थर के सतह के नीचे एक ऐसा लेयर मिलता है, जो केसिंग वाले भाग के नीचे बोर को भर देता है, इसलिए पानी का बड़ा भंडार नहीं मिल सका। इनमें से ही एक डीप बोर से डेढ़ घंटे तक पानी निकाला जाता है। प्राथमिकता के आधार पर रनिंग रूम को पानी दिया जाता है। 1 रेलवे कॉलोनी को थोड़ा बहुत पानी मिल जाता है। हालांकि, कॉलोनी के लोग इसे नाकाफी बताते हैं। अभी तक की जो स्थिति है, उसमें प्लेटफॉर्म के नलों को पानी नहीं दिया जा रहा है। स्टेशन पर यात्री ट्रेन रुकते ही यात्री प्लेटफार्म में लगे नलों की ओर बोतल लेकर दौड़ते हैं, फिर निराश वापस ट्रेन में लौट जाते हैं। आने-जाने वाले यात्रियों को पेयजल के लिए परेशानी है। खलारी के चारों प्लेटफॉर्म में टाइल्स वाले नल तो बना दिए गए हैं, लेकिन इसकी उपयोगिता नहीं रह गई है। विभाग के ही कुछ लोग बताते हैं कि बोरिंग करने वाले ठेकेदार के साथ रेल प्रबंधन की जो शर्त होती है, वह इतना पेचीदा है कि खलारी जैसे इलाके में जल्द कोई ठेकेदार डीप बोर करने को राजी नहीं होता।आज तक नहीं बना विश्रमगृह1खलारी के यात्रियों के लिए आज भी विश्रमगृह की सुविधा नहीं है। रेलवे ने औपचारिकता निभाने के लिए विश्रमगृह के लिए एक भवन तो बना दिया, लेकिन आज तक उसे उपयोग के लायक नहीं बनाया गया। यहां अधिकतर एक्सप्रेस ट्रेनें रात में आती-जाती हैं। कई यात्रियों को रात में घर जाने की सुविधा नहीं होती। ऐसे यात्री प्लेटफॉर्म पर ही रात बिता देते हैं।उपयोगी नहीं हैं शौचालय 1सरकार गांव-गांव में शौचालय बना रही है। पर, विडंबना है कि खलारी स्टेशन पर यात्रियों के लिए शौचालय तक की सुविधा नहीं है। इसके पीछे भी कारण पानी ही है। चार प्लेटफॉर्म के लिए एक महिला तथा एक पुरुष शौचालय बनाया गया है। पर, प्रबंधन इसमें ताला बंद कर रखता है। क्योंकि, इसमें पानी की सुविधा नहीं है।1कुआं बना, पर अब तक पानी सप्लाई नहीं1डीप बोरिंग की योजना फेल होने के बाद रेल प्रबंधन ने बड़े व्यास का कुआं बनाने का निर्णय लिया। बीते वर्ष लाखों रुपये खर्च कर 20 फीट डाइमीटर का कुआं बना भी दिया गया। पर, अब तक इस कुएं से पानी सप्लाई शुरू नहीं की गई है।खलारी रेलवे स्टेशन ’ जागरणरेलवे स्टेशन पर बना शौचालय ’ जागरण

1622 views
Aug 13 2017 (18:33)
Divyanshu Gupta   42329 blog posts   28620 correct pred (77% accurate)
Re# 2379371-1            Tags   Past Edits
कमाई अरबों में haha fayda kitna hota h ye b to dekho :D :D
Jul 05 2017 (04:59)  ट्रैक में भरा पानी, चालकों ने ट्रेन चलाने से किया मना (epaper.jagran.com)
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IR AffairsECR/East Central  -  

News Entry# 307457     
   Past Edits
Jul 05 2017 (04:59)
Station Tag: Khalari/KLRE added by ANVT TATA Kalimati Express Should Be Run😊^~/1421836
Stations:  Khalari/KLRE  
 
 
खलारी ओवरब्रिज और केडी साइडिंग के बीच 200 मीटर तक पटरियां पानी में डूबीं1
भारी बारिश
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संवाद सूत्र, खलारी (रांची) : दो दिनों से लगातार हो रही बारिश ने खलारी में जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। खलारी ओवरब्रिज और केडी साइडिंग के बीच रेलवे ट्रैक पानी में डूब गया। रेलवे अधिकारियों की नींद तब टूटी, जब ट्रैक की विजिबलिटी जीरो
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हो गई और चालक ने रेल चलाने से इन्कार कर दिया। अच्छी बात यह रही कि मेन लाइन पर ज्यादा पानी नहीं था और पटरियां दिखाई दे रही थीं। मेन लाइन से गाड़ियों का परिचालन सामान्य रहा। खलारी रेलवे यार्ड से केडी साइडिंग के बीच की पटरी करीब 200 मीटर तक पूरी तरह पानी में डूब गई थीं। जब रेलवे ट्रैक पानी में डूबा, तब खाली मालगाड़ी साइडिंग में कोयला लोडिंग के लिए भेजी जा चुकी थी। अधिकारियों को चिंता थी कि कोयला लदा रेक यार्ड तक कैसे लाया जाएगा। रेलवे ट्रैक में पानी घुस जाने से सिग्नल सिस्टम का मोटर प्वाइंट पानी में डूब गया। पूरा सिस्टम इलेक्ट्रानिक होने के कारण साइडिंग जाने वाली लाइन के सिग्नल ने काम करना बंद कर दिया था। रेल के संबंधित विभाग के सहायक अभियंता, जेई व अन्य अधिकारियों ने पानी घुसने के कारणों का जायजा लिया और रेस्क्यू शुरू कर दिया गया। रेलवे ट्रैक से दक्षिण महावीरनगर बस्ती होकर निकट के पहाड़ी का पानी रेल लाइन में भर रहा था। जेसीबी मशीन लाकर इस पानी को मोड़ा गया।1दस घंटे से खड़ा है साइडिंग में कोयला लदा रैक : साइडिंग से यार्ड के बीच परिचालन बंद हो जाने से पिछले दस घंटे से केडी साइडिंग में कोयला लदा रैक खड़ा है। रैक यार्ड तक नहीं आने के कारण दूसरा-तीसरा रैक भी साइडिंग में प्लेस नहीं किया जा सका। 1रांची के खलारी में रेल ट्रैक में भरा पानी ’जागरणबड़कागांव के कांडतरी पुल का पहुंच पथ बहा1बड़कागांव : एनटीपीसी द्वारा लगभग 15 लाख रुपये की लागत से बनाए गए झूलन पुल का एप्रोच पथ पहली बारिश में ही टूटकर बह गया। इससे दर्जनों गांवों का संपर्क बड़कागांव मुख्यालय से कट गया है। लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बीडीओ अलका कुमारी ने घटनास्थल का निरीक्षण कर कहा कि पुल बहना गंभीर मामला है। मामले की जांच की जाएगी। 1
May 18 2017 (06:08)  अधिकारी आते हैं तो आता है नल में पानी, खुलता है शौचालय (epaper.jagran.com)
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Commentary/Human InterestECR/East Central  -  

News Entry# 302718     
   Past Edits
May 18 2017 (06:08)
Station Tag: Khalari/KLRE added by New Feature Of PNR Forum Is Nice😊^~/1421836
Stations:  Khalari/KLRE  
 
 
खुले में शौच करने का आमंत्रण देता है खलारी स्टेशन, पिछले साल बीस अरब की थी कमाई, नहीं है किसी का ध्यान1
बदहाली
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धीरेंद्र प्रसाद, खलारी1एक तरफ सरकार पूरे प्रदेश को खुले में शौच मुक्त बनाने के अभियान में जुटी है वहीं सालाना अरबों रुपये की कमाई करने वाला खलारी का रेलवे स्टेशन खुले में शौच के लिए आमंत्रित
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कर रहा है। यहां न पानी का इंतजाम है न शौचालय का। एक शौचालय है भी तो उसमें ताला लटका रहता है। 1 जब कोई अधिकारी निरीक्षण के लिए आते हैं तब नल से पानी टपकता है, शौचालय का ताला खुलता है। यहां पैसेंजर और सवारी गाड़ियां रुकती हैं। किसी को नेचुरल काल आ जाए यानी शौच की दरकार पड़ जाए तो अपने बोतल में पानी और खुले का ही सहारा है। महिलाओं को दरकार पड़ जाए तो फजीहत की कल्पना ही कर सकते हैं।1गाड़ियां रुकती हैं, पैसेंजर पानी के लिए बोतल लेकर प्लेटफार्म पर उतरते हैं। नल की ओर लपकते हैं मगर सूखा हुआ नल उन्हें निराश करता है।1..तब आता है पानी: पानी की समस्या को लेकर रेलवे के जीएम से डीआरएम तक यात्री गुहार लगा चुके है, लेकिन कोई समाधान आजतक नहीं निकल पाया है।1 खलारी स्टेशन पर नल लगा हैं, लेकिन इस नल में उसी दिन पानी आता है जिस दिन कोई बड़ा अधिकारी निरीक्षण करने आते हैं। एक चापाकल प्लेटफॉर्म नंबर दो पर है, लेकिन वहां तक यात्री पहुंच ही नहीं पाते। प्लेटफॉर्म पर एकमात्र मुर्गी के दरबा जैसे शौचालय का ताला भी उसी समय खुलता है जब कोई अधिकारी आते हैं। शौचालय में एक बाल्टी पानी रख दिया जाता है और इसी दिन इसका ताला भी खुलता है। अधिकारी के जाते ही नल से पानी गायब हो जाता है और शौचालय में ताला जड़ दिया जाता है। इसको लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।खलारी रेलवे स्टेशन स्थित शौचालय ’ जागरणखलारी रेलवे स्टेशन ’ जागरण
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